बच्चों को अनुशासन, संस्कार और मेहनत का दिया संदेश, अरदास में सुख-समृद्धि की कामना
काशीपुर (काशीपुर वार्त)। कुंडेश्वरी क्षेत्र के गोविंद नगर स्थित सरदार कश्मीर सिंह के निवास पर संचालित सृष्टि सेवा संस्थान के शिक्षा, संस्कार एवं गुरुमुखी शिक्षण केंद्र में प्रेरणादायी कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को शिक्षा के साथ-साथ नैतिक मूल्यों एवं संस्कारों के प्रति जागरूक करना रहा। इस अवसर पर अरदास का आयोजन कर क्षेत्र एवं बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे बाजपुर भाजपा के युवा नेता राजेश कुमार ने केंद्र में अध्ययनरत बालक-बालिकाओं को संबोधित करते हुए उन्हें जीवन में अनुशासन, कठिन परिश्रम एवं सकारात्मक सोच अपनाने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता और निरंतर मेहनत ही व्यक्ति को लक्ष्य तक पहुंचाती है। उन्होंने बच्चों से मोबाइल एवं अन्य बुरी आदतों से दूर रहकर शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करने का आह्वान किया। राजेश कुमार ने कहा कि शिक्षा के साथ संस्कार भी जीवन में अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। अच्छे संस्कार व्यक्ति को समाज में सम्मान दिलाते हैं और उज्ज्वल भविष्य का निर्माण करते हैं। उन्होंने बच्चों को नियमित अध्ययन, समय का सदुपयोग तथा माता-पिता एवं गुरुजनों का सम्मान करने की सीख दी।।कार्यक्रम में सृष्टि सेवा संस्थान की अध्यक्ष सृष्टि आहूजा बंसल ने संस्थान द्वारा संचालित गतिविधियों की जानकारी देते हुए कहा कि संस्थान का उद्देश्य बच्चों को शिक्षा के साथ नैतिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ना है। वहीं पूर्व संगठन मंत्री भाजपा संजय कुमार ने भी बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि शिक्षा ही समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे मजबूत नींव है। इस दौरान उपस्थित अतिथियों एवं अभिभावकों ने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें शिक्षा, अनुशासन एवं संस्कारों का महत्व बताया। कार्यक्रम का वातावरण उत्साह एवं प्रेरणा से ओत-प्रोत रहा।
संस्कारयुक्त शिक्षा ही समाज का भविष्य संवारती है : सृष्टि आहूजा बंसल

काशीपुर (काशीपुर वार्ता)। सृष्टि सेवा संस्थान की अध्यक्ष सृष्टि आहूजा बंसल ने कहा कि बच्चों को केवल किताबी शिक्षा देना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें अच्छे संस्कार, अनुशासन और नैतिक मूल्यों से जोड़ना भी समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में यदि बच्चों का चरित्र मजबूत होगा तो वे जीवन के हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि सृष्टि सेवा संस्थान द्वारा संचालित शिक्षा, संस्कार एवं गुरुमुखी शिक्षण केंद्र का उद्देश्य जरूरतमंद बच्चों को शिक्षा के साथ भारतीय संस्कृति एवं मानवीय मूल्यों से जोड़ना है। संस्थान निरंतर ऐसे कार्यक्रम आयोजित कर बच्चों में आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच और सामाजिक जिम्मेदारियों की भावना विकसित करने का कार्य कर रहा है। सृष्टि आहूजा बंसल ने कहा कि बच्चों का सर्वांगीण विकास तभी संभव है, जब अभिभावक, शिक्षक और समाज मिलकर उन्हें सही दिशा प्रदान करें। उन्होंने सभी बच्चों से मेहनत, अनुशासन और अच्छे आचरण को जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने कार्यक्रम में सहयोग करने वाले सभी अतिथियों एवं अभिभावकों का आभार व्यक्त किया।



