मेधावी छात्रों को मेडल व प्रमाण पत्र से किया सम्मानित, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
काशीपुर (काशीपुर वार्ता)। कृष्णा पब्लिक कॉलेजिएट में वार्षिक अकादमिक रिपोर्ट कार्ड वितरण समारोह उत्साह और गरिमा के साथ आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में ज्ञानार्थी मीडिया कॉलेज के डायरेक्टर डॉ. मनोज मिश्रा उपस्थित रहे, जबकि विशेष अतिथि के रूप में प्रतीक गोयल एवं जागृति पब्लिक स्कूल के प्रबंधक शामिल हुए। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन एवं सरस्वती वंदना से हुआ। विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रमोद चंद्र तिवारी ने विद्यार्थियों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए अनुशासन, परिश्रम और समय प्रबंधन का महत्व बताया। वहीं प्रबंधक डॉ. अनिल कुमार सक्सेना ने शिक्षा को सर्वांगीण विकास का आधार बताते हुए विद्यालय की प्रगति एवं भविष्य की योजनाओं पर प्रकाश डाला।

समारोह का मुख्य आकर्षण उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों का सम्मान रहा। छात्रों को शैक्षणिक, अनुशासन, उपस्थिति एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन हेतु मेडल व प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में सरस्वती वंदना (सोनी बिष्ट, प्रिंसी शर्मा, पूर्वी), सोलो डांस (इशिका, कक्षा 11) ने विशेष आकर्षण प्रस्तुत किया। एंकरिंग शुभम प्रजापति व पूजा शर्मा ने की, जबकि वेलकम स्पीच दीप्ति सक्सेना ने दी। अंत में कॉर्डिनेटर रेखा रावत ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं विद्यार्थियों को बधाई दी। समारोह में शिक्षकगण, अभिभावक एवं छात्र बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक एवं यादगार रहा।
कड़ी मेहनत ही सफलता की कुंजी— मुख्यातिथि डॉ. मनोज मिश्रा

कशीपुर (काशीपुर वार्ता)। वार्षिक रिपोर्ट कार्ड वितरण समारोह के मुख्य अतिथि, ज्ञानार्थी कॉलेज के अकेडमिक डॉयरेक्टर डॉ. मनोज मिश्रा ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में विद्यार्थियों को जीवन में स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर परिश्रम करने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता, बल्कि दृढ़ संकल्प, अनुशासन और लगातार प्रयास ही मंजिल तक पहुंचाते हैं। उन्होंने छात्र-छात्राओं को सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने और असफलताओं से सीख लेने की प्रेरणा दी। डॉ. मनोज मिश्रा ने विद्यालय की उत्कृष्ट व्यवस्थाओं एवं शिक्षकों के समर्पित प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सशक्त शैक्षिक वातावरण में विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास संभव है। उन्होंने अभिभावकों से भी बच्चों का उत्साहवर्धन करने की अपील की, ताकि वे अपने सपनों को साकार कर सकें।
