विजेता प्रतिभागी को 100 प्रतिशत तक स्कॉलरशिप, टॉप 10 को राष्ट्रपति भवन भ्रमण का विशेष अवसर

रामनगर (काशीपुर वार्ता)। होटल मैनेजमेंट एवं पैरामेडिकल क्षेत्र में करियर बनाने की चाह रखने वाले विद्यार्थियों के लिए रविवार का दिन खास रहा। कौशल एकेडमी इंटरनेशनल इंस्टिट्यूट ऑफ होटल मैनेजमेंट एंड टूरिज्म, कानिया में आयोजित कुमाऊँ प्रतिभा स्कॉलरशिप परीक्षा के टॉप 20 सफल प्रतिभागियों को पुरस्कार एवं सम्मानित किया गया। समारोह में विद्यार्थियों की प्रतिभा को न केवल सराहा गया, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल भी की गई। पूरे कार्यक्रम का माहौल उत्साह, गर्व और प्रेरणा से भरा रहा, जहां हर प्रतिभागी अपने उज्ज्वल भविष्य की ओर एक कदम आगे बढ़ता नजर आया। कार्यक्रम में प्रथम स्थान प्राप्त विजेता प्रतिभागी को लगभग 6 लाख रुपये की 100 प्रतिशत स्कॉलरशिप प्रदान की जाएगी, जबकि टॉप 5 विद्यार्थियों को करीब 3 लाख रुपये की 50 प्रतिशत स्कॉलरशिप दी जाएगी। इसके अतिरिक्त 20 अन्य विद्यार्थियों को लगभग 1.5 लाख रुपये की 25 प्रतिशत स्कॉलरशिप और सभी प्रतिभागियों को लगभग 60 हजार रुपये की 10 प्रतिशत स्कॉलरशिप देने की घोषणा की गई। विशेष आकर्षण के रूप में शीर्ष 10 प्रतिभागियों को देश की सर्वोच्च संवैधानिक धरोहर राष्ट्रपति भवन के भ्रमण का अवसर भी प्रदान किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों में राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उत्तराखंड एथलेटिक्स सलेक्शन कमेटी के चेयरमैन विजेंदर चौधरी एवं विशिष्ट अतिथि काशीपुर कला मंदिर के संस्थापक संजय प्रकाश अग्रवाल ने मेधावी छात्रों को प्रमाणपत्र एवं मेडल प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि विजेंदर चौधरी ने कहा, “ग्रामीण और अर्धशहरी क्षेत्रों के प्रतिभाशाली छात्रों को इस तरह के मंच मिलना अत्यंत आवश्यक है। सही मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर यही युवा भविष्य में देश का नाम रोशन करेंगे।” वहीं विशिष्ट अतिथि संजय प्रकाश अग्रवाल ने अपने संदेश में कहा, “शिक्षा केवल डिग्री तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि यह व्यक्तित्व विकास और आत्मनिर्भरता का माध्यम बननी चाहिए। ऐसे प्रयास समाज के लिए प्रेरणादायक हैं।” इससे पूर्व संस्थान के प्रबंध निदेशक डॉ. गिरीश गोदियाल ने अतिथियों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, “हमारा लक्ष्य केवल शिक्षा देना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को सक्षम बनाना है ताकि वे अपने सपनों को साकार कर सकें। स्कॉलरशिप के माध्यम से हम प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर दे रहे हैं।” समारोह में संस्थान के शिक्षकगण, छात्र-छात्राएं एवं अभिभावक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

